सोमवार, 11 जनवरी 2021

वैशाख मास में जल का दान विशेष महत्व

वैशाख मास में जल का दान करने से होती
है मोक्ष की प्राप्ति ...



स्कंद पुराण के अनुसार वैशाख के समान कोई मास नहीं है सतयुग के समान कोई युग नहीं है वेद के समान कोई शास्त्र नहीं है और गंगा जी के समान कोई तीर्थ नहीं है वैशाख सर्वश्रेष्ठ मास है और भगवान श्री विष्णु को सदा प्रिय है सभी दानों से बा सभी तीर्थों में जाने से जो फल प्राप्त होता है उसी फल को मनुष्य वैशाख मास में केवल जल का दान करने से प्राप्त कर सकता है वैशाख मास में जल का दान करने पर मोक्ष की प्राप्ति होती है और जो जल दान में असमर्थ हैं ऐसे लोगों को चाहिए कि वे दूसरे लोगों को जल दान करने के लिए प्रोत्साहित करें बा उनको जल दान के महत्व को समझाएं वैशाख मास को सब मासों में उत्तम मास माना गया है वह माता की भांति सब जीवो को सदा अभीष्ट वस्तु प्रदान करने वाला है धर्म यज्ञ क्रिया और तपस्या का सार है संपूर्ण देवताओं द्वारा पूजित है जैसे विद्याओं में वेद विद्या मंत्रों में प्रणव वृक्षों में कल्प वृक्ष गायों में कामधेनु देवताओं में विष्णु प्रिय वस्तुओं में प्राण नदियों में गंगा जी तेजो में सूर्य अस्त्र शास्त्रों में चक्र धातुओं में स्वर्ण वैष्णव में शिव तथा रत्नों में कौस्तुभ मणि उत्तम है उसी प्रकार महीनों में वैशाख मास सबसे उत्तम है भगवान विष्णु को प्रसन्न करने वाला इसके समान दूसरा कोई मास नहीं है जो मनुष्य वैशाख मास में मार्ग पर यात्रियों के लिए प्याऊ लगाता है वह विष्णु लोक में प्रतिष्ठित होता है जो मनुष्य जल का दान करते हैं प्याऊ लगाते हैं उनसे भगवान विष्णु शिव देवता पित्र देवता तथा महर्षि प्रसन्न होते हैं वैशाख मास में जो मनुष्य प्यासे को शीतल जल प्रदान करता है उसे 10000 राज सूर्य यज्ञ का फल प्राप्त होता है जो विष्णु भक्त पुरुष वैशाख माह में नदी स्नान करता है वह 3 जन्मों के पापों से निश्चय ही मुक्त हो जाता है वैशाख माह में भगवान विष्णु की पूजन करनी चाहिए वैशाख माह में जल दान छाता जान पंखा दान पादुका दान एवं जगह जगह प्याऊ लगाकर जल दान करने से सभी मनोकामनाएं पूर्ण होती है वैशाख माह में सब तीर्थों मैं देवताओं का वास रहता है वैशाख का महीना भगवान विष्णु की आज्ञा से मनुष्यों का कल्याण करने वाला बताया गया है वैशाख के महीने में मन वांछित फलों की प्राप्ति के लिए शंकर जी हनुमान जी आदि देवताओं के ऊपर जलाधि अभिषेक करने से एवं अभिषेक पात्र रखने से सभी मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं विशेषकर वैशाख के महीने में जल दान के अलावा अन्य दानों का भी विशेष महत्व होता है

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                                                                             Pandit Tarun Dubey

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